आरंग/रायपुर।http://Chaupalnews.in
छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के प्रांतीय एवं जिला इकाई के आह्वान पर आरंग विकासखंड सहित जिले भर के कर्मचारी एवं अधिकारी मोदी की गारंटी के तहत किए गए वादों को लागू कराने के लिए चरणबद्ध आंदोलन के तृतीय चरण में शामिल हैं। 29 दिसंबर से शुरू हुए तीन दिवसीय निश्चित कालीन सामूहिक अवकाश आंदोलन का आज दूसरा दिन है, जिसमें सैकड़ों कर्मचारी-अधिकारी जिला मुख्यालय रायपुर के बलबीर सिंह जुनेजा इंडोर स्टेडियम, बुढ़ापारा में काम बंद–कलम बंद आंदोलन कर रहे हैं।
कर्मचारी-अधिकारी विधानसभा चुनाव पूर्व जारी घोषणा पत्र के अनुरूप केंद्र के समान देय तिथि से महंगाई भत्ता, पूर्व के लंबित महंगाई भत्ते की एरियर्स राशि को जीपीएफ खाते में समायोजित करने, सेवाकाल के दौरान चार स्तरीय समयमान वेतनमान, 300 दिन अर्जित अवकाश नगदीकरण, नियुक्ति तिथि से सेवाकाल की गणना सहित 11 सूत्रीय लंबित मांगों को लेकर शासन का ध्यान आकर्षित कर रहे हैं।

फेडरेशन आरंग के प्रवक्ता ओंकार प्रसाद वर्मा ने बताया कि आरंग इकाई के संयोजक माणिक लाल मिश्रा के नेतृत्व में विकासखंड के सैकड़ों कर्मचारी-अधिकारी जिला स्तरीय धरना-प्रदर्शन में सक्रिय सहभागिता निभा रहे हैं। आंदोलन स्थल पर कर्मचारियों ने शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगों को दोहराते हुए शासन से शीघ्र निर्णय लेने की अपील की।
आज आंदोलन के दूसरे दिन धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए संयोजक माणिक लाल मिश्रा ने कहा कि शासन-प्रशासन के उदासीन रवैए के कारण कर्मचारियों को आंदोलन के तृतीय चरण में निश्चित कालीन अवकाश पर जाना पड़ा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते कर्मचारियों की नैतिक एवं जायज मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो आगामी चरण में अनिश्चितकालीन हड़ताल जैसे कठोर कदम उठाने के लिए फेडरेशन बाध्य होगी, जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
धरना-प्रदर्शन में सहसंयोजक टेपेन्द्र बैस, शैलेन्द्र शुक्ल, महासचिव संतलाल साहू, कोषाध्यक्ष विनोद कुमार चंद्राकर, लिपिक संघ अध्यक्ष केशव डहरिया, तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के तहसील अध्यक्ष रामकुमार सिन्हा, छत्तीसगढ़ व्याख्याता संघ से संतोष देवांगन, एस.के. ऊपरडे, राजस्व पटवारी संघ अध्यक्ष बद्रीप्रसाद टंडन, स्वास्थ्य संयोजक संघ अध्यक्ष धनेश कुमार बघेल, प्रधान पाठक मंच से ओंकार वर्मा, फागूराम देवांगन, रामप्रताप धुर्वे, गुलाब सिंह साहू, पीताम्बर दास मानिकपुरी, विक्की करमिले, शैलेन्द्र सिंह ब्रम्हे सहित सैकड़ों की संख्या में कर्मचारी-अधिकारी उपस्थित रहे।

👉 यह आंदोलन तीन दिनों तक जारी रहेगा और यदि शासन स्तर पर कोई ठोस निर्णय नहीं आता है तो आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी दी गई है।
